जियोलोकेशन से यूज़र के डिवाइस की असली जगह पहचानी जाती है। यह डिवाइस स्मार्टफ़ोन, कंप्यूटर या लैपटॉप हो सकता है। डिवाइस में Wi-Fi, GPS और दूसरी तकनीकों से जियोलोकेशन ट्रैक की जा सकती है। इससे सर्च इंजन यूज़र को उसकी जगह के हिसाब से कंटेंट दिखा पाता है।
बिज़नेस के लिए जियोलोकेशन यूज़र तक निजी तरीके से पहुंचने का ज़रिया है। आसपास की जगहें ढूंढ रहे यूज़र को लोकल रेस्टोरेंट, दुकानें, अस्पताल और ऐसी दूसरी जगहें दिखेंगी।